ग्वालियर, 10 अगस्त 2026। मध्यप्रदेश पुलिस के ‘सृजन संवाद’ कार्यक्रम के तहत ग्वालियर जिले में स्कूली विद्यार्थियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम और थाना भ्रमण आयोजित किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ग्वालियर श्री धर्मवीर सिंह के निर्देश एवं कार्यक्रम के नोडल अधिकारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण श्री जयराज कुबेर के मार्गदर्शन में आयोजित इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों के मन से पुलिस के प्रति भय दूर कर पुलिस को मित्र एवं रक्षक के रूप में स्थापित करना रहा।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को कानून, उनके अधिकार, महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर अपराध, यातायात नियम और नागरिक दायित्वों की जानकारी दी गई। साथ ही शिकायत दर्ज होने से लेकर विवेचना और न्यायालय में चालान प्रस्तुत किए जाने तक की पुलिस प्रक्रिया को भी सरल भाषा में समझाया गया।
महिला एवं बाल सुरक्षा को लेकर किया जागरूक
उप पुलिस अधीक्षक महिला सुरक्षा शाखा श्रीमती शिखा सोनी एवं महिला थाना प्रभारी उप निरीक्षक रश्मि भदौरिया द्वारा एबनेजर हाई सेकेंडरी स्कूल में सृजन संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। छात्र-छात्राओं को महिला एवं बाल सुरक्षा, गुड टच-बैड टच, आत्मरक्षा, साइबर अपराध से बचाव और हेल्पलाइन सेवाओं के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों से सीधे संवाद कर उनकी जिज्ञासाओं और समस्याओं का समाधान किया। साथ ही उन्हें किसी भी अप्रिय स्थिति में बिना घबराए तत्काल पुलिस की सहायता लेने के लिए प्रेरित किया गया।
थानों में पहुंचकर विद्यार्थियों ने देखी पुलिस की कार्यप्रणाली
सृजन संवाद के तहत थाना इंदरगंज, झांसी रोड, डबरा देहात, तिघरा, घाटीगांव, ठाठीपुर, जनकगंज सहित जिले के विभिन्न थानों में विद्यार्थियों का भ्रमण कराया गया।
थाना प्रभारियों एवं पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को थाने की कार्यप्रणाली से अवगत कराया। बच्चों ने मालखाना, हवालात, महिला डेस्क, रीडर कक्ष सहित थाना परिसर के विभिन्न महत्वपूर्ण कक्षों का भ्रमण किया।
इस दौरान विद्यार्थियों को शिकायत प्राप्त करने, रिपोर्ट दर्ज करने, विवेचना करने, अभिलेखों के संधारण और न्यायालय में चालान पेश करने की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी गई।
साइबर अपराध और यातायात नियमों की दी जानकारी
पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध से बचाव और सोशल मीडिया के सुरक्षित इस्तेमाल के तरीके बताए। ऑनलाइन ठगी होने की स्थिति में तत्काल पुलिस से संपर्क करने और साइबर अपराध की शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया के बारे में भी जागरूक किया गया।
इसके अलावा विद्यार्थियों को आत्मरक्षा, आपात स्थिति में पुलिस सहायता लेने, हेलमेट की अनिवार्यता और यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया।
पुलिस और विद्यार्थियों के बीच बढ़ा विश्वास
‘सृजन संवाद’ कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने पुलिस अधिकारियों से विभिन्न विषयों पर सवाल पूछे और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। पुलिस अधिकारियों ने बच्चों को भरोसा दिलाया कि किसी भी अपराध, समस्या या असुरक्षा की स्थिति में वे बिना किसी भय के पुलिस से संपर्क कर सकते हैं।
‘सृजन संवाद’ जैसी पहल के माध्यम से विद्यार्थियों को पुलिस की कार्यप्रणाली को करीब से समझने का अवसर मिलने के साथ-साथ पुलिस और नई पीढ़ी के बीच विश्वास एवं संवाद की भावना भी मजबूत हो रही है।

















