बाजारों, पार्कों और विद्यालयों में पहुंचकर लोगों को किया जागरूक, बच्चों और आमजनों ने लिया नशामुक्त समाज बनाने का संकल्प
जन-जन तक पहुंची ग्वालियर पुलिस, नशे के दुष्परिणामों से कराया आमजन को रूबरू।
ग्वालियर पुलिस का संकल्प- नशामुक्त युवा, सुरक्षित भविष्य।
ग्वालियर पुलिस ने बच्चों, व्यापारियों और आमजन को जोड़ा नशामुक्ति अभियान से।
ग्वालियर पुलिस की मुहिम रंग लाई, नागरिकों ने लिया नशे से दूर रहने का संकल्प।

ग्वालियरः 23.07.2026- मध्यप्रदेश पुलिस मुख्यालय, भोपाल के निर्देशानुसार प्रदेशभर में 15 दिवसीय “नशे से दूरी है जरूरी 2.0“ जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उक्त अभियान के तहत आज दिनांक 23.07.2026 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ग्वालियर श्री धर्मवीर सिंह(भापुसे) के निर्देश पर तथा अभियान की नोडल अधिकारी अति. पुलिस अधीक्षक श्री जयराज कुबेर के मार्गदर्शन में ग्वालियर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों, बाजारों, पार्कों तथा सामाजिक संगठनों के सहयोग से सीधे नागरिकों के बीच पहुंचकर नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी देकर उन्हें नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई गई।
इसी क्रम में थाना विश्वविद्यालय पुलिस द्वारा थाना क्षेत्र स्थित लाल मल्टी शासकीय पार्क में सेवार्थ जन कल्याण समिति के संचालक श्री ओ.पी. दीक्षित एवं उनकी टीम के सहयोग से विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में उपस्थित बच्चों के साथ संवाद स्थापित करते हुए पुलिस अधिकारियों ने नशे की लत से होने वाले शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं पारिवारिक दुष्परिणामों की विस्तार से जानकारी दी। बच्चों को बताया गया कि नशा न केवल व्यक्ति के भविष्य को प्रभावित करता है बल्कि परिवार और समाज के विकास में भी बाधा उत्पन्न करता है। बच्चों से अपील की गई कि वे स्वयं नशे से दूर रहें तथा अपने मित्रों और परिवारजनों को भी नशे के विरुद्ध जागरूक करने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
थाना इंदरगंज पुलिस द्वारा फालका बाजार चौकी स्थित नगर रक्षा समिति कार्यालय में नगर रक्षा समिति के सदस्यों, स्थानीय नागरिकों एवं बच्चों के साथ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर उप निरीक्षक पायल शर्मा ने उपस्थित लोगों को शराब, तंबाकू, बीड़ी, सिगरेट, गांजा, भांग, चरस तथा अन्य नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले दुष्परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नशे की लत व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार, आर्थिक स्थिति एवं सामाजिक जीवन पर गंभीर प्रभाव डालती है। कार्यक्रम में उपस्थित बच्चों एवं नागरिकों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई गई तथा सभी से आग्रह किया गया कि यदि उनके आसपास कोई व्यक्ति नशे की गिरफ्त में है तो उसे नशा छोड़ने के लिए प्रेरित करें।
इसी प्रकार थाना जनकगंज पुलिस द्वारा छत्री मंडी एवं गांधी मार्केट क्षेत्र में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान सहायक उपनिरीक्षक दशरथ सिंह तोमर एवं आरक्षक रणवीर शर्मा ने बाजार क्षेत्र में उपस्थित व्यापारियों, दुकानदारों एवं आमजन से संवाद करते हुए नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी दी। पुलिस टीम द्वारा लोगों को नशामुक्ति संबंधी पम्पलेट वितरित किए गए तथा उन्हें समझाइश दी गई कि नशा व्यक्ति, परिवार एवं समाज के लिए अत्यंत घातक है। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित नागरिकों को नशे से दूर रहने एवं दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई गई, जिससे समाज में नशामुक्त वातावरण के निर्माण का संदेश प्रभावी रूप से प्रसारित किया जा सके।
थाना कोतवाली पुलिस द्वारा थाना प्रभारी निरीक्षक विनोद विनायक करकरे के नेतृत्व में महाराज बाड़ा क्षेत्र में विशेष जनसंपर्क अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान दुकानदारों, व्यापारियों, राहगीरों एवं आमजन से सीधे संवाद स्थापित कर उन्हें नशे के दुष्परिणामों के बारे में जागरूक किया गया। पुलिस टीम द्वारा बड़ी संख्या में नशा मुक्ति संबंधी पम्पलेट वितरित किए गए तथा नागरिकों से अपील की गई कि वे स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार के सदस्यों, विशेषकर युवाओं एवं बच्चों को भी नशे जैसी सामाजिक बुराई से बचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं। उपस्थित नागरिकों ने भी ग्वालियर पुलिस के इस अभियान की सराहना करते हुए नशामुक्त समाज के निर्माण में सहयोग का विश्वास दिलाया।
थाना बिजौली पुलिस द्वारा धनेली तिराहा पर विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान प्रधान आरक्षक बदन सिंह द्वारा स्थानीय नागरिकों से संवाद स्थापित करते हुए उन्हें शराब, तंबाकू, गुटखा, सिगरेट एवं अन्य मादक पदार्थों के सेवन से होने वाले शारीरिक, मानसिक, आर्थिक एवं सामाजिक दुष्परिणामों की विस्तार से जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों से नशे से दूर रहने, अपने परिवार एवं युवाओं को भी नशे जैसी सामाजिक बुराई से बचाने तथा समाज में नशामुक्त वातावरण बनाने में सहयोग करने की अपील की गई। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित नागरिकों को नशामुक्त जीवन अपनाने एवं दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई गई। इसी प्रकार जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में विद्यालयों, महाविद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों, बाजारों एवं सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से ऐसे जनजागरूकता कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए गये।

















